रायपुर/आरंग, 01 सितम्बर 2026। आरंग क्षेत्र की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत को सहेजने की दिशा में छत्तीसगढ़ शासन ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। संस्कृति विभाग ने नगर पालिका परिषद, आरंग क्षेत्र में संग्रहालय भवन निर्माण के लिए ₹25.35 लाख की प्रशासकीय स्वीकृति जारी की है।
यह स्वीकृति कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब के प्रयासों के बाद मिली है। संचालक, पुरातत्व, अभिलेखागार एवं संग्रहालय के प्रस्ताव पर वित्त विभाग ने 24 अगस्त 2026 को सहमति प्रदान की थी। इसके बाद संस्कृति विभाग, मंत्रालय, नवा रायपुर द्वारा संग्रहालय निर्माण के लिए विधिवत आदेश जारी किया गया।

2026-27 के बजट से होगा निर्माण
शासन के आदेश के अनुसार संग्रहालय भवन निर्माण पर होने वाला व्यय वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट प्रावधान के तहत किया जाएगा। इसके लिए मांग संख्या-26, लेखा शीर्ष-4202 और 04-कला एवं संस्कृति के अंतर्गत राशि स्वीकृत की गई है। प्रशासकीय स्वीकृति मिलने के बाद अब निर्माण कार्य की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।

प्राचीन धरोहरों को मिलेगा सुरक्षित स्थान
आरंग अपनी पुरातात्विक विरासत, प्राचीन मूर्तियों और ऐतिहासिक अवशेषों के लिए लंबे समय से जाना जाता है। उचित संग्रहण एवं प्रदर्शन स्थल नहीं होने के कारण इन धरोहरों के संरक्षण में कई चुनौतियां सामने आती रही हैं। संग्रहालय बनने के बाद क्षेत्र की महत्वपूर्ण पुरातात्विक सामग्री को व्यवस्थित और सुरक्षित तरीके से संरक्षित किया जा सकेगा।
संग्रहालय से आरंग की ऐतिहासिक पहचान को नई मजबूती मिलने के साथ ही स्थानीय पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। इससे पर्यटन और रोजगार के नए अवसर विकसित हो सकते हैं। वहीं विद्यार्थियों, युवाओं और शोधकर्ताओं को क्षेत्र के इतिहास एवं संस्कृति को करीब से समझने का अवसर मिलेगा।
लंबे समय से थी संग्रहालय की मांग
आरंग क्षेत्र में लंबे समय से स्थानीय ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण के लिए संग्रहालय की मांग उठती रही है। शासन की स्वीकृति के बाद क्षेत्रवासियों में उत्साह है। स्थानीय नागरिकों, जनप्रतिनिधियों और इतिहास प्रेमियों ने इस पहल के लिए छत्तीसगढ़ शासन और कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब के प्रति आभार व्यक्त किया है।





