सतीश शर्मा
रायपुर | 19 मार्च 2026

छत्तीसगढ़ विधानसभा ने नगर एवं ग्राम निवेश (संशोधन) विधेयक 2026 को ध्वनिमत से पारित कर दिया है। यह संशोधन राज्य में बढ़ते शहरीकरण के बीच सुनियोजित विकास को बढ़ावा देने और अवैध प्लॉटिंग पर नियंत्रण के उद्देश्य से लाया गया है।
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने सदन में बताया कि अब तक नगर विकास योजनाएं मुख्य रूप से विकास प्राधिकरणों तक सीमित थीं, लेकिन संशोधन के बाद राज्य शासन के अभिकरण, स्थानीय निकाय और सरकारी कंपनियां भी इन योजनाओं को तैयार और लागू कर सकेंगी। इससे विकास कार्यों में तेजी आएगी और औद्योगिक तथा आवासीय परियोजनाओं को गति मिलेगी।
उन्होंने कहा कि राज्य में बढ़ती आर्थिक गतिविधियों के चलते व्यवस्थित शहरी विकास की आवश्यकता बढ़ गई है। अन्य राज्यों की तरह बहु-एजेंसी भागीदारी से अब छत्तीसगढ़ में भी योजनाबद्ध विकास को मजबूती मिलेगी।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि यह संशोधन राज्य के शहरी विकास को नई दिशा देगा। उन्होंने कहा कि अवैध प्लॉटिंग पर नियंत्रण और संतुलित विकास सुनिश्चित करने के लिए यह कदम आवश्यक था। इससे शहरों में बेहतर अधोसंरचना, व्यवस्थित आवास और उद्योगों के लिए उपयुक्त भूमि उपलब्ध कराना आसान होगा।





