सतीश शर्मा
रायपुर, 10 जून 2026

राजधानी रायपुर में 10 लाख रुपये की सनसनीखेज लूट के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। डीडी नगर थाना क्षेत्र के डगानिया इलाके में हुई इस वारदात के दो आरोपियों को उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने उनके कब्जे से करीब 7 लाख रुपये भी बरामद किए हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि गिरफ्तार आरोपी कोई पेशेवर अपराधी नहीं, बल्कि MBA और इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर चुके शिक्षित युवक हैं।
6 जून को डगानिया क्षेत्र में दिनदहाड़े 10 लाख रुपये की लूट की घटना सामने आई थी। घटना के बाद पुलिस और क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई थी। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की सूचना के आधार पर पुलिस ने उत्तर प्रदेश से दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की।
जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपियों ने वारदात को अंजाम देने से पहले करीब डेढ़ महीने तक इलाके की रेकी की थी। उन्होंने पीड़ित की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी और पूरी योजना तैयार करने के बाद लूट की घटना को अंजाम दिया।
गिरफ्तार आरोपियों में मुख्य सरगना गौरव तिवारी शामिल है, जिसने MBA की पढ़ाई की है और वर्तमान में रायपुर के कबीर नगर क्षेत्र में रह रहा था। दूसरा आरोपी आशीष पांडे है, जो इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर चुका है। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि गौरव तिवारी का आपराधिक रिकॉर्ड रहा है और वह पहले सट्टा मामले में जेल जा चुका है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, उच्च शिक्षा प्राप्त होने के बावजूद दोनों आरोपियों ने आसान पैसा कमाने के लालच में अपराध का रास्ता चुना। फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है और उनसे मिले सुरागों के आधार पर फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 7 लाख रुपये बरामद कर लिए हैं, जबकि लूट में शामिल गिरोह के तीन अन्य सदस्य अभी भी फरार हैं। पुलिस का दावा है कि जल्द ही शेष आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
स्मृतिक राजनाला, डीसीपी साइबर क्राइम, रायपुर ने बताया कि मामले की जांच तेजी से की गई और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंचा गया। फरार आरोपियों की तलाश के लिए अलग-अलग टीमों का गठन किया गया है।



