प्रमोद मिश्रा
रायपुर, 09 दिसंबर 2025
रायपुर के स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट को निजी कंपनी के हवाले करने की प्रक्रिया करीब तीन साल बाद एक बार फिर तेज हो गई है। केंद्र सरकार ने एयरपोर्ट अथॉरिटी से 31 मार्च 2026 तक हैंडओवर से जुड़ी विस्तृत रिपोर्ट तैयार करने को कहा है। इसमें मौजूदा सुविधाओं, लिए जा रहे शुल्कों और भविष्य में किए जा सकने वाले परिवर्तनों का ब्योरा शामिल होगा। रिपोर्ट के आधार पर केंद्र सरकार निजी कंपनियों के लिए टेंडर जारी करेगी।

केंद्र सरकार ने स्पष्ट टाइमलाइन तय करते हुए कहा है कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में रायपुर एयरपोर्ट को औपचारिक रूप से निजी कंपनी को सौंप दिया जाएगा। निजी संचालन व्यवस्था लागू होते ही यात्रियों को हर सेवा के लिए तय शुल्क देना होगा। यह शुल्क केंद्र सरकार और निजी ऑपरेटर मिलकर निर्धारित करेंगे।
सरकार ने इस महीने एक अहम सूचना जारी करते हुए 11 एयरपोर्ट को “बंडल मॉडल” पर निजी कंपनियों को देने का फैसला किया है। पहली बार बड़े और छोटे दोनों प्रकार के एयरपोर्ट एक साथ पैकेज के रूप में पेश किए जाएंगे। इनमें रायपुर, अमृतसर, वाराणसी, भुवनेश्वर, त्रिची, इंदौर, कुशीनगर, गया, औरंगाबाद, हुबली और कांगड़ा शामिल हैं।
इन एयरपोर्ट को लंबी अवधि की लीज पर दिया जाएगा, जो 99 वर्ष तक की भी हो सकती है। अंतिम मंजूरी पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप एप्रेज़ल कमेटी (PPPAC) देगी।
स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट यात्रियों को उत्कृष्ट सुविधाएं देने के मामले में देश के टॉप-10 एयरपोर्ट में शामिल है। साफ-सफाई, बैठने की व्यवस्थाएं, लाउंज, फूड स्टॉल, सिक्योरिटी सिस्टम और स्टाफ के व्यवहार सहित कई मानकों पर एयरपोर्ट बेहतर प्रदर्शन करता है।
रोजाना यहां से 48 उड़ानें संचालित होती हैं और सप्ताह में लगभग 50,000 यात्री आवाजाही करते हैं। सालाना यह आंकड़ा कई बार 20 लाख को भी पार कर जाता है।
छत्तीसगढ़ में पहली बार किसी एयरपोर्ट पर शराब दुकान खोलने की तैयारी भी चल रही है। रायपुर एयरपोर्ट के कैफेटेरिया में जल्द ही विदेशी शराब की दुकान शुरू होगी।
- यात्रियों को परिसर में ही शराब का सेवन करना होगा।
- बाहर जाने वाले यात्री शराब खरीदकर ले जा सकेंगे।
- एयरपोर्ट में मिलने वाली शराब शहर की तुलना में लगभग 20% महंगी होगी।
- बोतलों पर अलग होलोग्राम होगा ताकि पहचान में आसानी हो सके।
सरकारी स्तर पर रिपोर्ट तैयार करने और प्रक्रियाओं को अंतिम रूप देने का काम तेजी से जारी है। संभावना है कि मार्च 2026 के बाद एयरपोर्ट निजीकरण को लेकर औपचारिक घोषणा कर दी जाएगी।





