7 Mar 2026, Sat
Breaking

IAS अफसर राजेश सिंह राणा के इस कार्य ने जीता लोगों का दिल : पिता की स्मृति में अपने पुराने घर को किया दान, वंचितों के लिए खुला ‘फ्री स्किल सेंटर’, राणा बोले : “अब समय है कि मैं समाज को कुछ वापस लौटाऊं…”

प्रमोद कुमार

नई दिल्ली/रायपुर, 03 मार्च 2026

समाज के प्रति कृतज्ञता और सेवा का एक अनूठा उदाहरण पेश करते हुए, PHD Family Welfare Foundation (PHDFWF) ने Jaquar Foundation के सहयोग से दिल्ली के ओल्ड सीमापुरी इलाके में “अजीत सिंह राणा मेमोरियल स्किल सेंटर” का भव्य उद्घाटन किया।

यह केंद्र विशेष रूप से झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों में रहने वाली महिलाओं और युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक बड़ी उम्मीद की किरण बनकर उभरा है।

भावुक कर देने वाली दानशीलताइस स्किल सेंटर की सबसे खास बात यह है कि इसके लिए भवन IAS अधिकारी राजेश सिंह राणा ने उदारतापूर्वक दान किया है। उन्होंने अपने पुराने पुश्तैनी घर को एक फ्री स्किल सेंटर के रूप में समाज को समर्पित कर दिया। अपने संबोधन में राजेश राणा भावुक नजर आए और उन्होंने कहा – ‘आज मैं जिस मुकाम पर हूँ, वह इसी समाज की बदौलत है। अब समय है कि समाज को कुछ वापस लौटाऊं’

IAS राजेश सिंह राणा के पूज्य पिताजी की तस्वीर

उन्होंने इस केंद्र का नाम अपने दिवंगत पिता स्वर्गीय श्री अजीत सिंह राणा के सम्मान में रखा है। समारोह में गरिमामयी उद्घाटन समारोह में कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे, जिनमेंः मुख्य अतिथि राजेश सिंह राणा (IAS) विशिष्ट अतिथि राजवती राणा, जिज्ञासा राणा कॉर्पोरेट प्रतिनिधि जाक्चार फाउंडेशन के CSR हेड कंवर शमशेर, मेजबान PHDFWF की चेयरपर्सन अनुराधा गोयल ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए इस पहल को महिला सशक्तिकरण के लिए मील का पत्थर बताया।

 

इन कोर्सेज से बदलेगी युवाओं की किस्मत

यह स्किल डेवलपमेंट यूनिट पूरी तरह से निःशुल्क (Free) होगी। यहाँ विशेष रूप से डिजाइन किए गए कोर्सेज उपलब्ध कराए जाएंगे जो प्रतिभागियों को रोजगार के काबिल बनाएंगे : सिलाई और कढ़ाई (Tailoring & Embroidery), कंप्यूटर ट्रेनिंग और इंग्लिश स्पीकिंग,ब्यूटीशियन ट्रेनिंग और सेल्फ डिफेंस कक्षा 9वीं से 12वीं के छात्रों के लिए विशेष कोचिंग निष्कर्ष कार्यक्रम के अंत में PHDFWF के गवर्निंग बोर्ड सदस्यों और स्थानीय समुदाय ने इस पहल की सराहना की। यह सेंटर न केवल कौशल सिखाएगा बल्कि ओल्ड सीमापुरी के वंचित वर्ग के आत्मविश्वास को बढ़ाकर उनके लिए बेहतर भविष्य के द्वार खोलेगा।

पढ़ें   छत्तीसगढ़ में खनन क्षेत्र में बड़ा मौका! बैलाडीला लौह अयस्क ब्लॉकों की नीलामी शुरू, निवेशकों के लिए सुनहरा अवसर

IAS राजेश सिंह राणा 2008 बैच के IAS अफसर

राजेश सिंह राणा छत्तीसगढ़ कैडर के 2008 बैच के आईएएस है। वे मूलतः दिल्ली के रहने वाले हैं। साइंस में ग्रेजुएशन के बाद वे आईएएस बने है। वर्तमान में क्रेड़ा के अलावा छत्तीसगढ़ राज्य कौशल विकास अभिकरण के सीईओ है। सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के पद पर भी हैं।

जन्म और शिक्षा:–

राजेश सिंह राणा दिल्ली के रहने वाले है। उनका जन्म 29 नवंबर 1980 को हुआ है। उन्होंने स्कूली शिक्षा पैतृक गांव से पूरी की है। फिर ग्रेजुएशन के लिए दिल्ली आ गए। उन्होंने बीएससी ऑनर्स जुलाजी की है। यूपीएससी की परीक्षा राजेश सिंह राणा ने बिना किसी कोचिंग के अपने तीसरे प्रयास में उत्तीर्ण किया।

प्रोफेशनल कैरियर:–

राजेश सिंह राणा ने 2007 यूपीएससी क्रैक किया। वे 2008 बैच के आईएएस बने और उन्हें छत्तीसगढ़ कैडर एलॉट हुआ। 1 सितंबर 2008 को आईएएस की सर्विस ज्वाइन की।

राजेश सिंह राणा नारायणपुर, रायगढ़ जिला पंचायत सीईओ रहें। बालोद, बलौदाबाज़ार के कलेक्टर रहें। संचालक महिला एवं बाल विकास विभाग रहे। पंजीयक फर्म्स एवं संस्थाएं रहे। राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद के संचालक रहें। विशेष सचिव स्कूल शिक्षा विभाग, संचालक साक्षरता मिशन, हाथकरघा विकास विभाग के प्रबंध संचालक रहें है।

वर्तमान में क्रेड़ा के अलावा छत्तीसगढ़ राज्य कौशल विकास अभिकरण के सीईओ है। सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के पद पर भी हैं।

 

Share

 

 

 

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Missed