सतीश शर्मा
रायपुर, 19 मार्च 2026

छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 5 निजी अस्पतालों के लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिए हैं, जबकि 48 अस्पतालों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। यह कार्रवाई नर्सिंग होम एक्ट के तहत निर्धारित मानकों के उल्लंघन पर की गई है।
कलेक्टर अभिजीत के निर्देश पर जिले के 124 निजी अस्पतालों का एक माह के भीतर निरीक्षण कराया गया था। इसके लिए 4 निरीक्षण टीमों का गठन किया गया, जिनमें नगरीय निकाय, स्वास्थ्य विभाग और आयुष विभाग के प्रतिनिधि शामिल थे।
निरीक्षण रिपोर्ट में 48 अस्पतालों में कमियां पाई गईं, जिसके बाद उन्हें 30 दिनों के भीतर जवाब प्रस्तुत करने के लिए नोटिस जारी किया गया। पुनः जांच के बाद भी 5 अस्पताल मानकों को पूरा नहीं कर सके, जिसके चलते उनका लाइसेंस रद्द कर दिया गया।
इन अस्पतालों पर गिरी गाज:
- दाउजी मेमोरियल हॉस्पिटल, जामगांव (पाटन)
- प्राची हॉस्पिटल, पुलगांव
- जीवन ज्योति हॉस्पिटल, जामुल (भिलाई)
- आईएमआई हॉस्पिटल, न्यू खुर्सीपार (भिलाई)
- आशीर्वाद नर्सिंग होम, जीई रोड (भिलाई)
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज दानी के अनुसार, इन अस्पतालों में नर्सिंग होम एक्ट 2010 और नियम 2013 के तहत निर्धारित मानकों का गंभीर उल्लंघन पाया गया।
स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार का प्रयास
इस कार्रवाई को जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने की दिशा में एक सख्त कदम माना जा रहा है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नियमों का पालन नहीं करने वाले संस्थानों पर आगे भी कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।





