रायपुर, 30 जून 2026। नकटी गांव में प्रशासन की ओर से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को लेकर प्रदेश की सियासत गरमा गई है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस कार्रवाई को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए पार्टी के नेताओं के बीच अनबन का आरोप लगाया। वहीं उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेस को भाजपा नेताओं को आपस में लड़ाने की कोशिश करने के बजाय अपनी पार्टी पर ध्यान देना चाहिए।
मीडिया से बातचीत में भूपेश बघेल ने कहा कि लोगों को पहले यह जानकारी नहीं थी कि बृजमोहन अग्रवाल और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के बीच मतभेद हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि यदि लोग ओपी चौधरी के घर गए होते तो उनके मकान नहीं टूटते, लेकिन लोग बृजमोहन अग्रवाल के घर गए, इसलिए अगले ही दिन उनके मकानों पर बुलडोजर चला दिया गया।

अरुण साव का पलटवार
भूपेश बघेल के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि कांग्रेस को अपनी आंतरिक स्थिति पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा में किसी तरह का मतभेद नहीं है और कांग्रेस नेताओं को भाजपा के नेताओं को आपस में लड़ाने की कोशिश नहीं करनी चाहिए।
खिलाड़ियों के सम्मान पर होगी अहम बैठक
अरुण साव ने बताया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में खेल एवं युवा कल्याण विभाग की बैठक आयोजित की गई है। बैठक में उत्कृष्ट खिलाड़ियों के सम्मान, खेलों के विकास और अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा कर आवश्यक निर्णय लिए जाएंगे।
धर्मांतरण के मुद्दे पर भी हुई चर्चा
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि छत्तीसगढ़ साहू समाज की बैठक में सामाजिक विषयों के साथ धर्मांतरण के मुद्दे पर भी चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि समाज को इस विषय पर जागरूक और सतर्क रहने की जरूरत है।
कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर पर साधा निशाना
अरुण साव ने कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि कांग्रेस जनता के मुद्दों से ज्यादा अपने नेताओं के बीच के संघर्ष में उलझी हुई है। उन्होंने कहा कि केवल प्रशिक्षण शिविर आयोजित करने से पार्टी की स्थिति नहीं बदलने वाली।
नई ग्रामीण विकास व्यवस्था का किया समर्थन
ग्रामीण विकास से जुड़ी नई व्यवस्था पर कांग्रेस की आपत्तियों को खारिज करते हुए अरुण साव ने कहा कि यह व्यवस्था वर्तमान जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार की गई है। इससे ग्रामीण श्रमिकों को अधिक रोजगार मिलेगा, ग्राम पंचायतों के अधिकार बढ़ेंगे और विकास कार्य अधिक पारदर्शी एवं डिजिटल तरीके से किए जा सकेंगे। उन्होंने कहा कि इससे भ्रष्टाचार पर भी प्रभावी अंकुश लगेगा।




