18 Jul 2026, Sat
Breaking

अविश्वास प्रस्ताव पर गरजे मुख्यमंत्री साय, बोले- जनता का भरोसा हमारी सबसे बड़ी ताकत, ढाई साल में पूरी की मोदी की अधिकांश गारंटी

सतीश शर्मा 

रायपुर, 18 जुलाई 2026/ मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ विधानसभा में विपक्ष द्वारा लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा का जवाब देते हुए कहा कि यह प्रस्ताव सरकार के विरुद्ध नहीं, बल्कि प्रदेश की तीन करोड़ जनता के विश्वास और जनादेश के विरुद्ध है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव, लोकसभा चुनाव तथा नगरीय निकाय चुनावों में जनता ने विकास, सुशासन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी पर अपना अटूट विश्वास व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले ढाई वर्षों में राज्य सरकार ने जनता से किए गए अधिकांश वादों और मोदी की गारंटी को धरातल पर उतारने का कार्य किया है। उन्होंने कहा कि सरकार की उपलब्धियां स्वयं उसकी कार्यशैली और जनविश्वास का प्रमाण हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों, महिलाओं, गरीबों, युवाओं, आदिवासियों तथा समाज के प्रत्येक वर्ग के कल्याण को सरकार ने सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। किसानों को 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी, दो वर्षों के बकाया बोनस का भुगतान, महतारी वंदन योजना के माध्यम से लगभग 70 लाख महिलाओं को 18,800 करोड़ रुपये से अधिक की सम्मान राशि तथा गरीब परिवारों के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना का प्रभावी क्रियान्वयन सरकार की प्रतिबद्धता का प्रमाण है।

 

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने महिलाओं के आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण को नई दिशा दी है। महतारी वंदन योजना के साथ-साथ 10 लाख 40 हजार से अधिक महिलाओं को ‘लखपति दीदी’ बनाया गया है। महिलाओं के संपत्ति अधिकारों को मजबूत करने के लिए रजिस्ट्री शुल्क में 50 प्रतिशत तथा स्टांप शुल्क में एक प्रतिशत की छूट दी गई है। उन्होंने कहा कि स्व-सहायता समूहों को पुनः रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए गए हैं और महिलाओं का आशीर्वाद ही सरकार की सबसे बड़ी शक्ति है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों की समृद्धि के लिए रिकॉर्ड धान खरीदी, कृषक उन्नति योजना, शून्य प्रतिशत ब्याज पर कृषि ऋण, फसल विविधीकरण, उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता तथा सिंचाई क्षमता के विस्तार जैसे अनेक निर्णय लिए गए हैं। उन्होंने बताया कि जल संसाधन परियोजनाओं के लिए रिकॉर्ड प्रशासनिक स्वीकृतियां दी गई हैं तथा सिंचाई क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि आदिवासी समाज के विकास के लिए सरकार ने अनेक ऐतिहासिक निर्णय लिए हैं। तेंदूपत्ता संग्राहकों का पारिश्रमिक बढ़ाया गया, चरणपादुका योजना पुनः प्रारंभ की गई तथा वनाधिकार पत्रधारकों को राहत देने वाले निर्णय लिए गए। धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान तथा प्रधानमंत्री जनमन योजना के माध्यम से हजारों जनजातीय गांवों और विशेष रूप से कमजोर जनजातीय परिवारों तक सड़क, बिजली, पेयजल, आवास और स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाई जा रही हैं। जनजातीय युवाओं के लिए दिल्ली स्थित ट्राइबल यूथ हॉस्टल का विस्तार, खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स की मेजबानी तथा जनजातीय संग्रहालय और शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक जैसी पहलें भी सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल हैं।

पढ़ें   आज की बड़ी खबरें : CM अंबिकापुर में मां महामाया के करेंगे दर्शन...BJP की पहली लिस्ट आज होगी जारी...सचिन पायलट कर दौरा टला, कल आयेंगे छत्तीसगढ़...पढ़ें आज की सभी बड़ी खबरें

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने कानून व्यवस्था को मजबूत करने और नक्सलवाद के उन्मूलन की दिशा में ऐतिहासिक सफलता प्राप्त की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में सुरक्षा, विकास और जनविश्वास की रणनीति के माध्यम से प्रदेश में शांति का नया वातावरण बना है। रायपुर में पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली लागू की गई है तथा साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए नए साइबर थानों की स्थापना की जा रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को रोजगार, शिक्षा और कौशल विकास के अधिक अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि नई औद्योगिक नीति के कारण राज्य में निवेश का वातावरण मजबूत हुआ है। देश और विदेश में आयोजित निवेश सम्मेलनों के माध्यम से 8 लाख 23 हजार करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनसे लाखों रोजगार सृजित होंगे। वस्त्र उद्योग, सेमीकंडक्टर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, एआई-सेज, डेटा सेंटर पार्क तथा इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण के क्षेत्र में राज्य तेजी से आगे बढ़ रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ऊर्जा क्षेत्र में सरकार ने उत्पादन, पारेषण, वितरण और नवीकरणीय ऊर्जा के विस्तार पर विशेष ध्यान दिया है। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत 76 हजार से अधिक घरों में सौर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं तथा मुख्यमंत्री बिजली बिल समाधान योजना के माध्यम से 12 लाख से अधिक उपभोक्ताओं को राहत दी गई है। किसानों के सिंचाई पंपों का बड़े पैमाने पर ऊर्जीकरण किया गया है तथा राज्य ने प्लांट लोड फैक्टर के मामले में देश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। नई ताप विद्युत परियोजनाओं, पम्प स्टोरेज तथा सौर ऊर्जा परियोजनाओं पर भी तेजी से कार्य किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि खनिज संसाधनों के पारदर्शी उपयोग और जिला खनिज संस्थान निधि (DMF) के प्रभावी संचालन से प्रदेश के विकास को नई गति मिली है। रिकॉर्ड खनिज राजस्व अर्जित करने के साथ खनिज ऑनलाइन 2.0 और डीएमएफ पोर्टल 2.0 लागू किए गए हैं। 82 हजार से अधिक विकास कार्य पूरे किए जा चुके हैं तथा खनिज ब्लॉकों की नीलामी, लीथियम जैसे रणनीतिक खनिजों के विकास और नई रेत नीति के माध्यम से पारदर्शी एवं जवाबदेह व्यवस्था स्थापित की गई है। अवैध खनन पर सख्त कार्रवाई और पर्यावरण संरक्षण के लिए बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण भी किया जा रहा है।

पढ़ें   CG में एल्विश यादव और अंजली अरोरा का विरोध : गरबा उत्सव में आने वाले थे, हिंदू संगठन के सदस्यों ने कहा - '...ऐसे लोगों की जरूरत नहीं है जो हमारी भावनाओं को आहत करते हैं'

मुख्यमंत्री ने कहा कि डिजिटल अधोसंरचना, शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय प्रगति हुई है। दूरस्थ क्षेत्रों में 829 मोबाइल टावर स्थापित किए गए हैं तथा भारतनेट फेज-3.0 के माध्यम से हजारों ग्राम पंचायतों को हाई-स्पीड इंटरनेट से जोड़ा जा रहा है। शिक्षा में युक्तियुक्तकरण के माध्यम से शिक्षकविहीन विद्यालयों की समस्या समाप्त की गई है, जबकि आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत राज्य के अधिकांश परिवारों को स्वास्थ्य सुरक्षा उपलब्ध कराई गई है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रशासनिक सुधार और ई-गवर्नेंस के क्षेत्र में राज्य ने उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। सेवा सेतु के माध्यम से 36 विभागों की 528 सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध कराई गई हैं। ई-डिस्ट्रिक्ट, ऑटो म्यूटेशन, मॉडल स्मार्ट रजिस्ट्री कार्यालय, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 के माध्यम से आम नागरिकों तक शासकीय सेवाओं की समयबद्ध और पारदर्शी पहुंच सुनिश्चित की जा रही है। उन्होंने कहा कि 435 प्रशासनिक सुधार लागू कर छत्तीसगढ़ को सुशासन का मॉडल बनाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार पर्यावरण संरक्षण, इको-टूरिज्म, वन संवर्धन और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण को समान महत्व दे रही है। ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के अंतर्गत सात करोड़ से अधिक पौधे लगाए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि रामलला दर्शन योजना के माध्यम से हजारों श्रद्धालु अयोध्या धाम की यात्रा कर चुके हैं तथा राज्य की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को नई पहचान मिल रही है।

अपने संबोधन के समापन में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने विश्वास व्यक्त किया कि जनता का अटूट विश्वास सरकार के साथ है और विकसित छत्तीसगढ़ के संकल्प को पूरा करने के लिए सरकार पूरी निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ कार्य करती रहेगी।

Share

 

 

 

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Missed