रायपुर, 19 सितम्बर 2026। छत्तीसगढ़ कांग्रेस की अनुशासन समिति की बैठक में पार्टी से निष्कासित और अनुशासनात्मक कार्रवाई का सामना कर रहे नेताओं की वापसी को लेकर 36 आवेदनों पर चर्चा हुई। राजीव भवन में हुई बैठक में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज की मौजूदगी में विधानसभा और निकाय चुनाव के दौरान की गई कार्रवाई की भी समीक्षा की गई।
बैठक में कुछ नेताओं के खिलाफ की गई कार्रवाई समाप्त करने का निर्णय लिया गया, जबकि कई मामलों में अंतिम फैसला फिलहाल लंबित रखा गया है। समिति ने संबंधित प्रकरणों पर आगे विचार करने की बात कही है।

अमित और रेणु जोगी से जुड़े मामलों पर चर्चा
बैठक में अमित जोगी, रेणु जोगी और बृहस्पति सिंह से जुड़े मामलों पर भी चर्चा हुई। अमित जोगी के मामले में समिति ने फिलहाल अंतिम निर्णय नहीं लिया और प्रकरण को लंबित रखा। अन्य दोनों नेताओं से जुड़े मामलों पर भी समिति ने विचार किया।

पार्टी विरोधी बयानबाजी पर सख्ती के संकेत
अनुशासन समिति की बैठक में पार्टी अनुशासन को लेकर भी चर्चा हुई। समिति ने संकेत दिया कि पार्टी के खिलाफ सार्वजनिक बयानबाजी या गतिविधियों को अनुशासनहीनता माना जा सकता है। मीडिया के माध्यम से दिए गए पार्टी विरोधी बयानों को भी अनुशासनात्मक कार्रवाई के दायरे में रखा जा सकता है।
चुनाव के दौरान हुई कार्रवाई की समीक्षा
समिति ने विधानसभा और नगरीय निकाय चुनाव के दौरान नेताओं के खिलाफ की गई अनुशासनात्मक कार्रवाई के मामलों की भी समीक्षा की। इसके साथ ही कांग्रेस में दोबारा शामिल होने के लिए प्राप्त आवेदनों पर भी विचार किया गया।
बैठक में वरिष्ठ कांग्रेस नेता धनेन्द्र साहू, प्रभारी सचिव एस. संपत, जरिता लैतफलांग और विजय जांगिड वर्चुअल माध्यम से जुड़े। वहीं प्रभारी महामंत्री मलकीत सिंह गैदू, धनेश पाटिला, प्रतिमा चंद्राकर, रवि घोष, जेपी श्रीवास्तव, दीपक मिश्रा और नरेश ठाकुर सहित समिति के अन्य सदस्य मौजूद रहे।
कुल 36 आवेदनों पर चर्चा के बाद समिति ने कुछ मामलों में कार्रवाई समाप्त करने का निर्णय लिया, जबकि शेष मामलों पर आगे विचार किया जाएगा।




