प्रमोद मिश्रा
रायपुर, 26 मई 2025

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) की राष्ट्रीय कार्यकारी परिषद की तीन दिवसीय बैठक 29 से 31 मई तक रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मंडपम सभागार में आयोजित होगी। इस महत्वपूर्ण बैठक में देश के सभी राज्यों से 478 से अधिक प्रतिनिधि भाग लेंगे। बैठक का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थी परिषद की आगामी कार्य-योजना तैयार करना और राष्ट्रीय छात्र-युवा नीति में ठोस हस्तक्षेप सुनिश्चित करना है।
28 मई को अभाविप की विभिन्न गतिविधियों की बैठक आयोजित होगी, जिसमें 250 से अधिक प्रतिनिधि भाग लेंगे। वहीं, 27 मई की शाम को छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री अरुण साव की उपस्थिति में सांस्कृतिक प्रदर्शनी का उद्घाटन होगा, जिसमें राज्य की लोककला, इतिहास, बस्तर आर्ट जैसे दस प्रमुख विषयों को दर्शाया जाएगा।
अभाविप भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में उनकी जन्मस्थली उलिहातु से मिट्टी लेकर इसे देश भर के प्रांतों में स्मृतिस्वरूप भेजेगी।
28 मई को रायपुर में नागरिक अभिनंदन समारोह का आयोजन होगा, जिसमें मुख्यमंत्री विष्णु देव साय मुख्य अतिथि रहेंगे। यह समारोह परिषद की सामाजिक सहभागिता और राष्ट्रीय नेतृत्व के साथ समरसता का प्रतीक होगा।
29 से 31 मई के दौरान राष्ट्रीय कार्यकारी परिषद की बैठक में भारतीय सेना के ऑपरेशन सिंदूर व कगार के लिए अभिनंदन प्रस्ताव, कोचिंग संस्थानों की मनमानी फीस वृद्धि पर नियंत्रण, केंद्रीय विश्वविद्यालयों में कुलपतियों की नियुक्ति, आंतरिक सुरक्षा, और भारत के वैश्विक संबंधों जैसे विषयों पर व्यापक चर्चा होगी। साथ ही मार्च में गुजरात में हुई बैठक के सुझावों पर भी विचार किया जाएगा।
पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए इस आयोजन में ‘जीरो फूड वेस्ट’ नीति अपनाई गई है, भोजन अपव्यय रोकने के प्रयास होंगे, और प्लास्टिक मुक्त आयोजन के लिए नवाचार भी किए जाएंगे।
अभाविप के राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. वीरेंद्र सिंह सोलंकी ने कहा कि यह बैठक युवाओं की भूमिका को सशक्त बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। रायपुर की सांस्कृतिक विरासत के बीच यह आयोजन शिक्षा, सुरक्षा और पर्यावरण जैसे निर्णायक मुद्दों पर विचारशील हस्तक्षेप की दिशा में अहम भूमिका निभाएगा।





