8 Mar 2026, Sun

कैबिनेट मंत्री रामविचार नेताम को बदनाम करने की साजिश : हिंदू जनजागृति समिति के सुनील घनवट के नाम पर फर्जी लेटर से शिकायत की बात आई थी सामने, सुनील घनवट मीडिया के सामने आकर बोले : “मंत्री और BJP के साथ मुझको बदनाम करने की साजिश…ऐसी कोई शिकायत मेरे तरफ से नहीं हुई…”

प्रमोद मिश्रा

रायपुर, 01 जुलाई 2025

छत्तीसगढ़ के आदिम जाति कल्याण मंत्री रामविचार नेताम के खिलाफ फर्जी शिकायत भेजे जाने का मामला सामने आया है। हिन्दू जनजागृति समिति के छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र राज्य समन्वयक सुनील घनवट ने इस संबंध में बड़ा खुलासा करते हुए कहा है कि उनके नाम और हस्ताक्षर का फर्जी तरीके से इस्तेमाल किया गया है। सुनील घनवट ने आज प्रेसवार्ता कर बताया कि ये बीजेपी के साथ मंत्री और उनको बदनाम करने की साजिश है । घनवट ने कहा कि मैं हमेशा हिन्दू राष्ट्र के साथ हिंदुत्व के लिए कार्य करते रहा हूं इसलिए हो सकता है कि इन बातों से कोई छिड़कर ऐसी हरकत कर रहा है ।

सुनील घनवट के मुताबिक, उनके नाम से एक शिकायत पत्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेजा गया, जिसमें मंत्री रामविचार नेताम सहित राकेश अग्रवाल, मनोज अग्रवाल और सुनील अग्रवाल पर आदिम जाति कल्याण विभाग में भ्रष्टाचार और गड़बड़ी के आरोप लगाए गए थे। यह पत्र 29 अप्रैल की तिथि में जारी किया गया था और उसमें उनका नाम और हस्ताक्षर अंकित था।

हालांकि घनवट ने साफ किया है कि उन्होंने प्रधानमंत्री को कोई शिकायत नहीं भेजी है, और उस पत्र में दिया गया हस्ताक्षर भी फर्जी है। उन्होंने इसे भाजपा को बदनाम करने की साजिश बताया है। इस संबंध में 12 जून को उन्होंने पुणे के पुलिस कमिश्नर कार्यालय में लिखित शिकायत दर्ज कराई है और पूरे मामले की जांच की मांग की है।

घनवट ने कहा कि यह कृत्य उनकी छवि को नुकसान पहुंचाने के इरादे से किया गया, जिसकी सच्चाई अब सामने आ रही है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

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