प्रमोद मिश्रा
रायपुर, 28 जुलाई 2025

छत्तीसगढ़ के दुर्ग में पिछले दिनों दो नन और एक युवक को बस्तर क्षेत्र के तीन आदिवासी युवतियों को धर्मांतरण कराने के लिए नौकरी देने के बहाने आगरा ले जाने का मामला सामने आया था । रेलवे पुलिस की टीम ने इस मामले में दो नन और एक युवक को मानव तस्करी और धर्मांतरण के मामले में गिरफ्तार किया था । इस मामले में युवतियां के परिजनों ने कहा था कि हमारी बेटियों को कहा ले जाया जा रहा हमें मालूम नहीं है । ऐसे में परिजनों के बयान के बाद मामला दर्ज कर तीनों को गिरफ्तार किया गया था ।
अब इस मामले में राजनीति गर्म हो गई है । ऑल इंडिया कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव के सी वेणुगोपाल ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को पत्र लिखकर आरोपियों को निर्दोष और बजरंगदल के कार्यकर्ताओं को गलत बताया है ।
CG में धर्मांतरण का खेल : नौकरी का झांसा देकर नारायणपुर की तीन युवतियों को ले जा रहे थे आगरा, एक युवक और दो नन के खिलाफ मामला दर्ज, धर्मांतरण और मानव तस्करी संबंधी धाराओं में मामला दर्ज
के सी वेणुगोपाल ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर दुर्ग में बजरंग दल की सतर्कता कार्रवाई की कड़ी निंदा की है और दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की तत्काल अपील की थी ।


के से वेणुगोपाल के पत्र के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कड़ा जवाब देते सोशल मीडिया में पोस्ट किया है कि
नारायणपुर की तीन बेटियों को नर्सिंग की ट्रेनिंग दिलाने और उसके पश्चात जॉब दिलाने का वादा किया गया था। नारायणपुर के एक व्यक्ति के द्वारा उन्हें दुर्ग स्टेशन पर दो ननो को सुपुर्द किया गया, जिनके द्वारा उन बेटियों को आगरा ले जाया जा रहा था।
इसमें प्रलोभन के माध्यम से ह्यूमन ट्रैफिकिंग करके मतांतरण किए जाने की कोशिश की जा रही थी।
यह महिलाओं की सुरक्षा से सबंधित गंभीर मामला है। इस मामले में अभी जांच जारी है। प्रकरण न्यायालीन है और कानून अपने हिसाब से काम करेगा।
छत्तीसगढ़ एक शांतिप्रिय प्रदेश है जहाँ सभी धर्म-समुदाय के लोग सद्भाव से रहते हैं। हमारी बस्तर की बेटियों की सुरक्षा से जुड़े मुद्दे को राजनीतिक रूप देना बेहद दुर्भाग्यजनक है।
https://x.com/vishnudsai/status/1949803532468514977?t=RBuPh9AQZQucnzVoJ47XBw&s=19



