जगदलपुर, 04 दिसंबर 2025
बीजापुर के गंगालूर इलाके में बुधवार को सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच हुई भीषण मुठभेड़ में सुरक्षा बलों ने बड़ी सफलता हासिल की है।
पहले 12 माओवादियों के मारे जाने की पुष्टि की गई थी, लेकिन सर्च ऑपरेशन आगे बढ़ने के साथ यह आंकड़ा बढ़कर 16 हो गया है। DIG कमलोचन कश्यप ने चार और माओवादियों के शव मिलने की आधिकारिक पुष्टि की है। सूत्रों के मुताबिक, करीब 20 नक्सलियों के मार गिराए जाने की आशंका जताई जा रही है।

इस मुठभेड़ में DRG के 3 जवानों ने सर्वोच्च बलिदान दिया है।
शहीद जवानों में शामिल हैं—
- प्रधान आरक्षक मोनू वडाड़ी
- आरक्षक दुकारू गोंडे
- जवान रमेश सोड़ी
DRG के दो अन्य जवान घायल हुए थे, जिन्हें उपचार के बाद अब खतरे से बाहर बताया गया है।
मुठभेड़ स्थल से सुरक्षाबलों ने SLR, INSAS और 303 राइफलें बरामद की हैं।
सभी 16 शवों को कब्जे में लेकर पहचान की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। क्षेत्र में अभी भी सुरक्षाबलों का बड़े पैमाने पर सर्च ऑपरेशन जारी है और अतिरिक्त फोर्स को तैनात किया गया है।
यह मुठभेड़ बुधवार सुबह 9 बजे शुरू हुई, जब DRG, STF, COBRA और CRPF की संयुक्त टीम बीजापुर-दंतेवाड़ा बॉर्डर के वेस्ट बस्तर डिवीजन क्षेत्र में सर्चिंग कर रही थी।
इसी दौरान घात लगाए बैठे नक्सलियों ने अचानक फायरिंग शुरू कर दी। सुरक्षाबलों ने तुरंत मोर्चा संभालते हुए जवाबी कार्रवाई की, जो कई घंटे तक चली।





