रायपुर, 31 अगस्त 2026। रायपुर सराफा एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष हरख मालू ने देश के सराफा व्यापारियों की समस्याओं को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को एक विस्तृत सुझाव पत्र भेजा है।

मालू ने पत्र में कहा है कि सराफा व्यापार केवल व्यापार नहीं, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था और हर परिवार की बचत का आधार है। इस व्यापार को सट्टेबाजी से बचाना जरूरी है।
ज्ञापन में रखी गई प्रमुख मांगें इस प्रकार हैं:
1. वायदा कारोबार पर पूर्ण प्रतिबंध की मांग – उन्होंने कहा कि सोने-चांदी का वायदा कारोबार एक तरह की सट्टेबाजी है, जिससे भावों में बनावटी उतार-चढ़ाव होता है। इससे छोटे व्यापारियों को भारी नुकसान हो रहा है, इसे तुरंत बंद किया जाए।
2. आयात शुल्क 15% से घटाकर 6% किया जाए – सरकार ने विदेशी मुद्रा बचाने के लिए शुल्क बढ़ाया था, लेकिन इससे आयात कम होने के बजाय सोने की तस्करी बढ़ गई है। शुल्क कम होने से तस्करी रुकेगी और सरकार का राजस्व बढ़ेगा।
3. अखिल भारतीय सराफा बाजार बनाने की मांग – पूरे देश में सोने-चांदी का एक समान भाव हो, इसके लिए दिल्ली और मुंबई में अखिल भारतीय सराफा बाजार (बुलियन एक्सचेंज) स्थापित किया जाए। इससे हर शहर में एक ही भाव रहेगा और पारदर्शिता आएगी।
4. अन्य मांगें – भारतीय मानक ब्यूरो के शुद्धता जांच केंद्रों का औचक निरीक्षण हो, शुद्धता की मोहर की प्रक्रिया सरल हो, बड़ी कंपनियों की भ्रामक बचत योजनाओं पर रोक लगे और वस्तु एवं सेवा कर की प्रक्रिया को तीन महीने में एक बार किया जाए।
मालू ने कहा कि व्यापारी वर्ग हमेशा “राष्ट्र प्रथम” की भावना के साथ सरकार के साथ खड़ा है। उन्होंने प्रधानमंत्री से इन विषयों पर सकारात्मक विचार करने का आग्रह किया है।
संपर्क: हरख मालू, पूर्व अध्यक्ष रायपुर सराफा एसोसिएशन
मो.: 9826518350





