रायपुर, 04 सितम्बर 2026
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा के सेवानिवृत्त होने पर उन्हें भावभीनी विदाई दी गई। उन्होंने अपने लंबे कार्यकाल के दौरान मिले सहयोग के लिए न्यायाधीशों, अधिकारियों, अधिवक्ताओं और राज्य प्रशासन का आभार जताया।

अपने संबोधन में न्यायमूर्ति सिन्हा ने कहा कि मुख्य न्यायाधीश की जिम्मेदारी केवल न्यायिक कार्यों तक सीमित नहीं होती, बल्कि प्रशासनिक क्षमता, अधोसंरचना विकास और निष्पक्ष कार्य वातावरण तैयार करना भी महत्वपूर्ण है।
उन्होंने कहा, “न्यायालय केवल कंक्रीट की इमारतें नहीं हैं, बल्कि वे ऐसे स्थान हैं जहां नागरिक न्याय और कानून के शासन पर विश्वास लेकर आते हैं।”
न्यायमूर्ति सिन्हा ने कहा कि कर्मचारियों का कल्याण उनका अधिकार है और न्यायपालिका को इसे समय पर पूरा करना चाहिए। उन्होंने मजबूत और स्वतंत्र बार को भी प्रभावी न्याय व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण बताया।
समारोह के दौरान महाधिवक्ता ने न्यायमूर्ति सिन्हा के न्यायिक कार्यकाल और उपलब्धियों का उल्लेख किया।
29 मार्च 2023 को मुख्य न्यायाधीश का पदभार संभालने से पहले न्यायमूर्ति सिन्हा करीब 1,34,200 फैसले दे चुके थे। वहीं 29 मार्च 2023 से 1 सितंबर 2026 के बीच उन्होंने हाईकोर्ट में 50,228 मामलों का निपटारा किया। इनमें 32,600 एकलपीठ और 17,628 खंडपीठ के मामले शामिल हैं।
उन्होंने संवैधानिक, आपराधिक, मध्यस्थता और सेवा कानून से जुड़े मामलों में 369 से अधिक रिपोर्टेड फैसले भी लिखे।
समारोह में राज्य न्यायपालिका के सदस्य, रजिस्ट्री अधिकारी और स्थानीय बार एसोसिएशन के प्रतिनिधि मौजूद रहे।





