प्रमोद मिश्रा
रायपुर, 21 जून 2025

छत्तीसगढ़ सरकार ने नक्सली हिंसा में शहीद हुए पुलिसकर्मियों के परिजनों के लिए एक बड़ा और मानवीय निर्णय लिया है। अब इन परिवारों को अनुकम्पा नियुक्ति केवल पुलिस विभाग में ही नहीं, बल्कि राज्य सरकार के किसी भी विभाग में प्राप्त करने का विकल्प मिलेगा। यह संशोधन “एकजाई पुनरीक्षित अनुकम्पा नियुक्ति निर्देश-2013” की कंडिका 13(3) में किया गया है, जिसे हाल ही में मंत्रिपरिषद ने मंजूरी दी।
शहीद परिवारों को मिलेगा विभाग चुनने का अधिकार
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने इस निर्णय को ऐतिहासिक बताते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा, “शहीद हमारे समाज की अमूल्य धरोहर हैं। उनके परिवारों को विकल्पहीन नियुक्ति देना न्यायसंगत नहीं था। यह निर्णय उनके सम्मान और सुविधा दोनों को ध्यान में रखकर लिया गया है।”
पुलिस विभाग तक सीमित नहीं रहेगी अनुकम्पा नियुक्ति
अब तक अनुकम्पा नियुक्ति केवल उसी विभाग में मिलती थी, जिसमें दिवंगत शासकीय सेवक कार्यरत था। लेकिन लंबे समय से शहीद परिवारों की यह मांग रही थी कि उन्हें अन्य विभागों में भी नियुक्ति का विकल्प दिया जाए। उपमुख्यमंत्री शर्मा के सतत प्रयासों और संवेदनशील पहल पर यह मांग मंत्रिपरिषद में रखी गई और सर्वसम्मति से पारित हुई।
उज्ज्वल भविष्य की ओर एक कदम
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि अब शहीद परिवार के सदस्य अपने कौशल और सुविधा के अनुसार किसी भी विभाग में नौकरी चुन सकेंगे। यह न केवल रोजगार के बेहतर अवसर खोलेगा बल्कि राज्य सरकार की संवेदनशीलता और सामाजिक जिम्मेदारी का भी प्रतीक है।





