प्रमोद मिश्रा
रायपुर, 02 जुलाई 2025

छत्तीसगढ़ में औद्योगिक विकास को एक नई ऊंचाई पर ले जाने की दिशा में आज एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया। जिंदल स्टील छत्तीसगढ़ लिमिटेड और राज्य सरकार के बीच 7.5 मिलियन टन प्रति वर्ष (एमटीपीए) क्षमता वाले इंटीग्रेटेड स्टील प्लांट, 2400 मेगावाट थर्मल पावर प्लांट (3×800 MW) और 500 मेगावाट सोलर पावर प्लांट की स्थापना के लिए 75,000 करोड़ रुपये के निवेश वाले मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के सचिव व राज्य निवेश प्रोत्साहन बोर्ड के संयोजक रजत कुमार और उद्योग जगत से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने इस समझौते को राज्य के औद्योगिक परिदृश्य में एक “गेम चेंजर” करार दिया।
मुख्यमंत्री साय ने कहा, “इस एमओयू के माध्यम से छत्तीसगढ़ में औद्योगिक निवेश की एक नई लहर आएगी। यह न केवल स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित करेगा, बल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था को भी सशक्त बनाएगा।”
जिंदल समूह के प्रदीप टंडन ने कहा, “हम छत्तीसगढ़ को औद्योगिक रूप से मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इस परियोजना से न केवल गुणवत्तापूर्ण स्टील का उत्पादन होगा, बल्कि स्थानीय समुदाय के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य और रोज़गार जैसे क्षेत्रों में भी नए अवसर पैदा होंगे।”
राज्य सरकार ने इस एमओयू को ‘मेक इन छत्तीसगढ़’ विज़न के तहत एक बड़ी उपलब्धि बताया है। अधिकारियों के अनुसार, स्टील और पावर प्लांट की स्थापना से संबंधित निर्माण कार्य शीघ्र ही प्रारंभ किया जाएगा।
यह परियोजना न केवल राज्य के औद्योगिक नक्शे को विस्तार देगी, बल्कि छत्तीसगढ़ को एक वैश्विक औद्योगिक हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में भी मील का पत्थर साबित होगी।





