प्रमोद मिश्रा
रायपुर नगर निगम की महापौर मीनल चौबे ने स्पष्ट किया है कि नगर निगम क्षेत्र में स्थित किसी भी मंदिर से संपत्तिकर वसूली का नोटिस नहीं दिया जाएगा। यह निर्देश निगम के सभी जोन और वार्डों पर लागू है।

महापौर चौबे की गहन नाराजगी तब सामने आई, जब जोन-4 के ब्राम्हणपारा वार्ड क्रमांक 43 स्थित सोहागा मंदिर में नगर निगम के राजस्व विभाग के मोहर्रिर सुषात और अमर ने संपत्तिकर नोटिस देने का प्रयास किया। इसके बाद निगम ने दोनों कर्मचारियों को “कारण बताओ नोटिस” जारी किया और तीन दिन के भीतर लिखित स्पष्टीकरण मांगा गया है।
महापौर ने निर्देश दिए हैं कि यदि संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं मिला, तो नियमानुसार कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि रायपुर नगर निगम क्षेत्र में किसी भी मंदिर में संपत्तिकर नोटिस जारी करना कदापि सहन नहीं किया जाएगा।
नागरिकों की आस्था और धार्मिक स्थलों की गरिमा को ध्यान में रखते हुए महापौर ने सभी निगम अधिकारियों को सख्त हिदायत दी है कि ऐसे मामलों में कोई लापरवाही या हीला-हवाला बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।





