रायपुर, 07 सितंबर 2026। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता अमित चिमनानी ने कांग्रेस और उसके युवा संगठनों के नेताओं पर भ्रष्टाचार, धोखाधड़ी और अवैध गतिविधियों के आरोप लगाते हुए तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ से कांग्रेस की सरकार चली गई, लेकिन कांग्रेस नेताओं की लूट, गबन और हेराफेरी की आदत अब भी नहीं गई है।
चिमनानी ने कहा कि “चोर चोरी से जाए, पर हेराफेरी से न जाए” वाली कहावत कांग्रेस पार्टी पर पूरी तरह चरितार्थ हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के युवा नेताओं ने अपने वरिष्ठ नेताओं से ही भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के तौर-तरीके सीखे हैं।

भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि एनएसयूआई के प्रदेश अध्यक्ष पर 29 लाख रुपए की धोखाधड़ी और जालसाजी के गंभीर आरोप लगे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और उससे जुड़े युवा संगठनों के कुछ पदाधिकारी आम लोगों और युवाओं को कभी रेत खदान दिलाने तो कभी सरकारी नौकरी लगवाने का झांसा देकर ठगी कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि युवाओं के अधिकारों की बात करने वाले छात्र संगठन के प्रमुख पर ही धोखाधड़ी के आरोप लगना गंभीर मामला है। चिमनानी ने कहा कि इससे कांग्रेस के संगठन और उसके नेताओं की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होते हैं।
युवा कांग्रेस पर निशाना साधते हुए चिमनानी ने उत्तर विधानसभा के युवा कांग्रेस अध्यक्ष मल्होत्रा का भी उल्लेख किया। उन्होंने आरोप लगाया कि मल्होत्रा को ‘ड्राई डे’ के दिन अवैध शराब बेचते हुए गिरफ्तार किया गया था। भाजपा प्रवक्ता ने दावा किया कि इसके बावजूद वह युवा कांग्रेस चुनाव में महासचिव पद के उम्मीदवार के रूप में सक्रिय हैं।
चिमनानी ने कांग्रेस की शराबबंदी को लेकर भी सवाल उठाते हुए कहा कि एक तरफ कांग्रेस शराबबंदी की बात करती है, वहीं उसके युवा नेताओं पर अवैध शराब के कारोबार में शामिल होने के आरोप लग रहे हैं।
उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के कार्यकाल का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने अपने शासनकाल में भ्रष्टाचार और घोटालों को बढ़ावा दिया और अब युवा संगठन के नेता भी उसी रास्ते पर आगे बढ़ रहे हैं।
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि कांग्रेस में वरिष्ठ नेता हों या युवा पदाधिकारी, छोटे कार्यकर्ता हों या बड़े नेता, पार्टी की राजनीति का केंद्र भ्रष्टाचार और दो नंबर की कमाई बन गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता कांग्रेस के इस कथित चेहरे को पहचान चुकी है और ऐसे मामलों का राजनीतिक रूप से जवाब देगी।





