प्रमोद मिश्रा

रायपुर, 14 अक्टूबर 2025
लंबे समय से लंबित बिलों के भुगतान और विभागीय विसंगतियों को लेकर संघर्षरत छत्तीसगढ़ कांट्रेक्टर्स एसोसिएशन को दिवाली से पहले बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। जल जीवन मिशन में काम करने वाले ठेकेदारों को उनके बकाया बिलों का भुगतान दिवाली पूर्व कराने का आश्वासन मिला है।
सोमवार को एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष बीरेश शुक्ला के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने उपमुख्यमंत्री अरुण साव से नवा रायपुर में मुलाकात की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने पीएचई और पीडब्ल्यूडी विभागों में लंबित बिलों, 18 प्रतिशत जीएसटी समेत भुगतान से जुड़ी विसंगतियों और ठेकेदारों की वित्तीय परेशानी के मुद्दे उठाए।
बीरेश शुक्ला ने बताया कि जल जीवन मिशन के तहत काम करने वाले ठेकेदारों के करीब डेढ़ साल से बकाया बिल अटके हुए हैं, जिससे श्रमिकों और मटेरियल सप्लायरों को भुगतान में कठिनाई हो रही है। उन्होंने मांग की कि पीएचई विभाग के 5000 करोड़ रुपये के बजट से तत्काल बकाया बिलों का भुगतान कराया जाए।
इस पर डिप्टी सीएम अरुण साव ने भरोसा दिलाया कि मुख्यमंत्री से चर्चा कर दिवाली से पहले फंड स्वीकृत कराया जाएगा और बकाया भुगतान सुनिश्चित होगा। साथ ही उन्होंने बताया कि पीडब्ल्यूडी की विसंगतियों के निराकरण के लिए विभागीय प्रमुख सचिव, सचिव, प्रमुख अभियंता और कांट्रेक्टर्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों की संयुक्त बैठक दिवाली के बाद आयोजित की जाएगी।
बैठक में जल जीवन मिशन के डायरेक्टर जितेंद्र शुक्ला और संयुक्त संचालक पांडेय भी मौजूद रहे। अफसरों ने भी एसोसिएशन को समस्याओं के शीघ्र समाधान का भरोसा दिलाया।
कांट्रेक्टर्स एसोसिएशन का कहना है कि विभागीय मनमानी और विसंगतियों की वजह से निर्माण कार्यों की रफ्तार प्रभावित हो रही है, लेकिन अब सरकार के आश्वासन से ठेकेदारों को राहत मिलने की उम्मीद जगी है।





